नवी मुंबई, 24 सितंबर 2026: सीआईएसएफ एविएशन सिक्योरिटी ग्रुप, नवी मुंबई में 22 सितंबर को वार्षिक विमान अपहरण मॉक अभ्यास एएचएमई–2026 सफलतापूर्वक किया गया। इस अभ्यास में एक काल्पनिक विमान अपहरण की स्थिति के दौरान कई एजेंसियों की तैयारी और समन्वित प्रतिक्रिया की परीक्षा ली गई।
यह अभ्यास स्वीकृत आपात योजना के अनुसार किया गया और इसमें नवी मुंबई हवाई अड्डे पर अपहृत विमान की लैंडिंग का परिदृश्य बनाया गया। इसका उद्देश्य यह परखना था कि सुरक्षा, हवाई अड्डा और आपात एजेंसियां किसी बड़ी विमानन सुरक्षा आपात स्थिति पर कितनी प्रभावी ढंग से प्रतिक्रिया दे सकती हैं।
इस अभ्यास में केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल, नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा लिमिटेड, स्थानीय पुलिस, विमान बचाव एवं अग्निशमन, खुफिया ब्यूरो, राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड, विमानन कंपनियों, चिकित्सा सेवाओं, हवाई यातायात नियंत्रण, क्रिस्टल और आव्रजन ब्यूरो के कर्मियों ने भाग लिया।
भाग लेने वाली एजेंसियों ने आपात स्थिति से निपटते हुए समन्वित तैयारी और आपसी सहयोग का प्रदर्शन किया। अभ्यास के दौरान स्थापित संचार माध्यमों, प्रतिक्रिया तंत्र और समन्वय प्रक्रियाओं की भी जांच की गई, जो हवाई अड्डा सुरक्षा और आपात प्रबंधन से जुड़ी हैं।
अभ्यास के तहत एयरोड्रोम समिति को सक्रिय किया गया। नवी मुंबई पुलिस आयुक्त मिलिंद भरंबे, आईपीएस, और उप महानिरीक्षक/सीएएसओ, एएसजी नवी मुंबई, सunit शर्मा ने अन्य संबंधित सदस्यों के साथ प्रक्रिया में भाग लिया।
समिति के सदस्य नवी मुंबई हवाई अड्डे के एयरपोर्ट संकट नियंत्रण कक्ष में एकत्र हुए और काल्पनिक अपहरण स्थिति के दौरान प्रतिक्रिया के समन्वय तथा घटनाक्रम की निगरानी की।
एएचएमई–2026 का सफल समापन इस बात को रेखांकित करता है कि सीआईएसएफ और अन्य सहभागी हितधारक संभावित विमानन सुरक्षा आपात स्थितियों के लिए उच्च स्तर की तैयारियों को बनाए रखने के लिए मिलकर काम कर रहे हैं।
ऐसे मॉक अभ्यास मौजूदा आपात योजनाओं की जांच, संभावित खामियों की पहचान और हवाई अड्डों पर गंभीर परिस्थितियों से निपटने में सुरक्षा बलों, हवाई अड्डा प्राधिकरणों और आपात प्रतिक्रिया एजेंसियों के बीच समन्वय को मजबूत करने के लिए किए जाते हैं।