कजाखस्तान की यात्रा पर गई भारतीय राष्ट्रीय कैडेट कोर यानी एनसीसी युवा विनिमय कार्यक्रम की प्रतिनिधिमंडल ने पूर्वी कजाखस्तान के ओस्केमेन में एक समृद्ध दिन बिताया। इस दौरान शिक्षा, संस्कृति और अनुभव आधारित कई गतिविधियों में हिस्सा लेकर भारत और कजाखस्तान के युवाओं के बीच मित्रता और समझ को मजबूत करने का प्रयास किया गया।
प्रतिनिधिमंडल ने पूर्वी कजाखस्तान तकनीकी विश्वविद्यालय का दौरा किया, जहां कैडेटों ने विश्वविद्यालय के उप रेक्टर के साथ स्मृति चिह्नों का आदान-प्रदान किया। इस मुलाकात से शैक्षिक संबंधों को मजबूत करने और दोनों देशों के बीच बेहतर सहयोग को बढ़ावा देने का अवसर मिला।
कैडेटों ने विश्वविद्यालय के पुरातात्विक संग्रहालय का भी भ्रमण किया और पूर्वी कजाखस्तान क्षेत्र के इतिहास, संस्कृति और पुरातात्विक विरासत की जानकारी प्राप्त की। इस यात्रा ने उन्हें क्षेत्र के ऐतिहासिक विकास और सांस्कृतिक परंपराओं को समझने का अवसर दिया।
प्रतिनिधिमंडल ने ईकेटीयू की कई अत्याधुनिक प्रयोगशालाओं का भी अवलोकन किया। इस दौरान कैडेटों को विश्वविद्यालय के शैक्षिक और प्रौद्योगिकीय परिवेश से परिचित कराया गया और उन्हें समकालीन शोध तथा तकनीकी उपयोगों के बारे में जानने का अवसर मिला।
अनुभव आधारित गतिविधियों के तहत कैडेटों ने विश्वविद्यालय के एआर/वीआर गेमिंग कक्ष में एक व्यावहारिक अनुकरण में भाग लिया। इस सत्र ने उन्हें उभरती प्रौद्योगिकियों का प्रत्यक्ष अनुभव दिया और संवर्धित तथा आभासी वास्तविकता के संभावित उपयोगों को प्रदर्शित किया।
प्रतिनिधिमंडल ने ओस्केमेन के ऐतिहासिक स्थलों की भी यात्रा की। विरासत भ्रमण के दौरान कैडेटों ने शहर के युद्ध स्मारक पर जाकर राष्ट्र की सेवा करने वालों के बलिदान और वीरता को श्रद्धांजलि दी।
शैक्षिक अनुभव, प्रौद्योगिकीय प्रदर्शनों, सांस्कृतिक अन्वेषण और ऐतिहासिक सीख का यह संयोजन एनसीसी कैडेटों के लिए एक विविध अंतरराष्ट्रीय अनुभव साबित हुआ।
युवा विनिमय कार्यक्रम एनसीसी कैडेटों को अन्य देशों के युवाओं से संवाद करने, विभिन्न संस्कृतियों और परंपराओं को समझने, तथा अंतरराष्ट्रीय मित्रता और सहयोग पर व्यापक दृष्टिकोण विकसित करने के अवसर देने के लिए तैयार किया गया है।
ओस्केमेन में हुए इन कार्यक्रमों ने भारत और कजाखस्तान के बीच जन-जन के संबंधों को और मजबूत किया। कैडेटों ने अपनी संस्कृति और दृष्टिकोण भी कजाख समकक्षों के साथ साझा किए और बहुमूल्य अनुभव हासिल किए।
दिन का समापन सीख, सांस्कृतिक आदान-प्रदान, अन्वेषण और सौहार्द के एक महत्वपूर्ण मेल के रूप में हुआ, जिसने भारत और कजाखस्तान के बीच स्थायी मित्रता के संबंधों को और सुदृढ़ किया।