चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ (COAS) जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने बैंगलुरु में हिंदुस्तान एरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) का दौरा किया, ताकि स्वदेशी वायुयान क्षमताओं और आर्मी एविएशन से संबंधित ongoing projects की समीक्षा की जा सके।
इस दौरे के दौरान, आर्मी चीफ को Army Aviation प्लेटफार्मों का समर्थन करने वाले अपग्रेड और मेंटेनेंस पारिस्थितिकी तंत्र के बारे में जानकारी दी गई, जिसने भारत के रक्षा निर्माण और वायुयान तकनीकी में बढ़ती आत्मनिर्भरता को उजागर किया।
दौरे का एक महत्वपूर्ण आकर्षण था जब जनरल द्विवेदी ने Light Combat Helicopter (LCH) Prachand की पहली उड़ान भरी, जिससे उन्हें इसकी उन्नत प्रदर्शन और युद्ध क्षमताओं का प्रत्यक्ष अनुभव प्राप्त हुआ। LCH Prachand एक प्रमुख स्वदेशी प्लेटफार्म है, जिसे उच्च ऊंचाई के युद्ध और सटीक हमलों के लिए डिजाइन किया गया है।
यह बातचीत भारतीय सेना के आधुनिकीकरण और स्वदेशीकरण पर केन्द्रित परिश्रम को रेखांकित करती है, जिसमें HAL देश के वायुयान और रक्षा पारिस्थितिकी तंत्र को सुदृढ़ करने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
जनरल द्विवेदी ने अत्याधुनिक तकनीक के माध्यम से ऑपरेशनल तत्परता को बढ़ाने के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की और भविष्य के युद्ध संबंधी आवश्यकताओं के लिए स्वदेशी समाधानों का उपयोग करने के लिए सेना की प्रतिबद्धता को दोहराया।