बेलगावी, 14 अक्टूबर 2026: जूनियर लीडर्स विंग (जेएल विंग), बेलगावी में आयोजित इन्फैंट्री प्लाटून कमांडर्स कोर्स 13 अक्टूबर 2026 को सफलतापूर्वक संपन्न हो गया। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में भारतीय सेना के साथ चार मित्र विदेशी देशों के जूनियर सैन्य नेतृत्वकर्ताओं ने भाग लिया।
इस कोर्स में भूटान, श्रीलंका, कैमरून और आइवरी कोस्ट (कोट डी’आइवोर) के सैन्य प्रतिनिधियों की भागीदारी रही। इससे भारत और मित्र देशों के बीच रक्षा सहयोग तथा सैन्य प्रशिक्षण साझेदारी को भी बल मिला।
इन्फैंट्री प्लाटून कमांडर्स कोर्स का उद्देश्य ऐसे जूनियर सैन्य नेतृत्वकर्ताओं में नेतृत्व क्षमता, सामरिक दक्षता और संचालन संबंधी कौशल विकसित करना है, जिन्हें पैदल सेना की प्लाटूनों का नेतृत्व करना होता है। यह प्रशिक्षण उन्हें विभिन्न युद्धक्षेत्र परिस्थितियों में नेतृत्व जिम्मेदारियों और परिचालन चुनौतियों के लिए तैयार करने में अहम भूमिका निभाता है।
समापन समारोह की अध्यक्षता जूनियर लीडर्स विंग के कमांडर मेजर जनरल धनंजय जोशी, एवीएसएम, वीएसएम ने की। उन्होंने कोर्स के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को सम्मानित किया।
डोगरा रेजिमेंट के हवलदार अरुण कुमार को प्रशिक्षण कार्यक्रम में उनके प्रदर्शन के लिए सर्वश्रेष्ठ छात्र चुना गया।
अंतरराष्ट्रीय प्रतिभागियों में रॉयल भूटान आर्मी के पेलपोन किंकी ग्येल्तशेन को सर्वश्रेष्ठ विदेशी छात्र पुरस्कार दिया गया। यह सम्मान उन्हें कोर्स भर के उनके प्रदर्शन के आधार पर मिला।
भूटान, श्रीलंका, कैमरून और आइवरी कोस्ट के सैन्य कर्मियों की भागीदारी से पेशेवर संवाद, सैन्य अनुभवों के आदान-प्रदान और भारतीय सेना तथा भाग लेने वाले देशों की सेनाओं के बीच सहयोग को और मजबूती मिली।
कोर्स का सफल समापन जूनियर लीडर्स विंग की उस भूमिका को रेखांकित करता है, जिसके तहत वह सक्षम पैदल सेना नेतृत्वकर्ताओं को तैयार करने के साथ-साथ पेशेवर प्रशिक्षण और साझा सीख के माध्यम से मित्र देशों के साथ सैन्य संबंधों को सुदृढ़ करता है।