ल्यूटेनेंट जनरल धीरज सेठ, उप सेना प्रमुख, उच्च रक्षा अभिविन्यास पाठ्यक्रम (HDOC-20) के प्रतिभागियों के साथ उनके चल रहे अग्रिम क्षेत्र और सांस्कृतिक दौरे के दौरान बातचीत की।
भारतीय और विदेशी अधिकारियों के साथ जُड़ाव
इस बातचीत में शामिल थे:
- भारतीय सशस्त्र बलों के अधिकारी
- मित्र देश के विदेशी अधिकारी
इसका उद्देश्य पेशेवर और रणनीतिक समझ को बढ़ाना था।
भविष्य के युद्ध पर ध्यान
ल्यूटेनेंट जनरल सेठ ने प्रतिभागियों से आग्रह किया कि वे:
- बहु-डोमेन परिचालन वातावरण में उभरती चुनौतियों के लिए तैयार रहें
- रणनीतिक सोच और अनुकूलनशीलता विकसित करें
- विकसित हो रहे वैश्विक सुरक्षा डायनेमिक्स को समझें
अंतरराष्ट्रीय सहयोग को मजबूत करना
उन्होंने भागीदार देशों के बीच रणनीतिक संचार स्थापित करने, रक्षा सहयोग और अंतर-योग्यता को बढ़ाने, तथा सुरक्षा चुनौतियों की साझा समझ को बढ़ावा देने के महत्व पर जोर दिया।
पाठ्यक्रम के उद्देश्य और व्यापक अनुभव
HDOC-20 कार्यक्रम का उद्देश्य है:
- भू-रणनीतिक मुद्दों और नीति निर्माण की गहरी समझ विकसित करना
- परिचालन पर्यावरण का अनुभव प्रदान करना
- भारत की समृद्ध विरासत और सांस्कृतिक विविधता को प्रदर्शित करना
भविष्य के सैन्य नेताओं का विकास
यह बातचीत भारतीय सेना पर केंद्रित है, जिसका उद्देश्य भविष्य के ऐसे नेताओं को तैयार करना है, जो जटिल, बहु-डोमेन संघर्षों और वैश्विक भागीदारी में नेविगेट करने में सक्षम हों।