मेजर जनरल आईएस गिल ने 30 अक्टूबर 2026 को उत्तर प्रदेश के सहारनपुर स्थित रिमाउंट ट्रेनिंग स्कूल एंड डिपो का दौरा किया। मुख्यालय उत्तर भारत के चीफ ऑफ स्टाफ और विशिष्ट सेवा पदक से सम्मानित मेजर जनरल गिल ने वहां प्रशिक्षण के स्तर, घोड़ों और खच्चरों की चिकित्सा सुविधाओं तथा आधुनिकीकरण के कार्यों की समीक्षा की।
उन्होंने घोड़ों और खच्चरों के प्रशिक्षण में बनाए रखे गए उच्च मानकों की सराहना की। ये पशु सेना के अभियानों में खासकर दुर्गम पहाड़ी और ऊंचाई वाले इलाकों में अहम भूमिका निभाते हैं, जहां परिवहन के सामान्य साधनों का इस्तेमाल मुश्किल होता है।
मेजर जनरल गिल ने पशुओं के स्वास्थ्य प्रबंधन और पशु चिकित्सा सुविधाओं का भी जायजा लिया। उन्होंने विशेषज्ञ चिकित्सा देखभाल और व्यवस्थित प्रशिक्षण के जरिए पशुओं को स्वस्थ, चुस्त और सैन्य कार्यों के लिए तैयार रखने पर दिए जा रहे ध्यान की प्रशंसा की।
उन्होंने संस्थान के कृषि कार्यों में अपनाए गए आधुनिकीकरण के उपायों को भी सराहा। इनका उद्देश्य कामकाज की दक्षता बढ़ाना और आधुनिक तौर-तरीकों को अपनाना है। साथ ही, उन्होंने संस्थान की विशेष जिम्मेदारियों को पूरा करने में सभी रैंकों के कर्मियों की पेशेवर दक्षता, समर्पण और विशेषज्ञता की प्रशंसा की।


रिमाउंट ट्रेनिंग स्कूल एंड डिपो घोड़ों और खच्चरों को सैन्य सेवा के लिए तैयार करने के साथ उनकी देखभाल और प्रबंधन की जिम्मेदारी निभाता है। ऐसे संस्थान दूरदराज और कठिन भूभाग में सेना की रसद संबंधी जरूरतों को पूरा करने में मदद करते हैं।