असम राइफल्स ने नागालैंड के तुएनसांग जिले में सामुदायिक कल्याण की एक पहल के तहत दो बाल गृहों को कंप्यूटर सेट वितरित किए हैं। इस पहल का उद्देश्य डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देना, कंप्यूटर साक्षरता सुधारना और वंचित बच्चों के लिए बेहतर शिक्षण अवसर उपलब्ध कराना है।
इस कार्यक्रम के तहत असम राइफल्स के कर्मियों ने तुएनसांग स्थित कोहदी चिल्ड्रेन होम और बेथेल होम अनाथालय का दौरा किया। दोनों संस्थानों की ओर से मिली मांग के बाद वहां कंप्यूटर सेट उपलब्ध कराए गए।
इस पहल का मकसद दोनों बाल गृहों की शैक्षिक सुविधाओं को मजबूत करना है, ताकि छात्रों को कंप्यूटर तक पहुंच मिले और वे जरूरी डिजिटल कौशल विकसित कर सकें।
शिक्षा और रोजगार में प्रौद्योगिकी की बढ़ती भूमिका को देखते हुए कंप्यूटर तक पहुंच बच्चों को बुनियादी कंप्यूटर ज्ञान, डिजिटल अध्ययन संसाधनों और ऐसे कौशल हासिल करने में मदद कर सकती है, जो उनके शैक्षणिक और व्यावसायिक भविष्य में उपयोगी हो सकते हैं।
कंप्यूटर सेटों के वितरण से संस्थानों में कंप्यूटर-आधारित शिक्षण गतिविधियां शुरू करने और बच्चों को आधुनिक डिजिटल उपकरणों से परिचित कराने में मदद मिलने की उम्मीद है।
यह पहल असम राइफल्स की उत्तर-पूर्वी क्षेत्र में चल रही सामुदायिक विकास और कल्याण गतिविधियों को भी दर्शाती है। बल समय-समय पर शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा और स्थानीय समुदायों को सहयोग देने वाले कार्यक्रम चलाता रहा है।
असम राइफल्स अपनी मुख्य जिम्मेदारी, यानी सुरक्षा बनाए रखने और सीमा प्रबंधन में सहायता करने के अलावा, नागरिक कार्रवाई कार्यक्रमों में भी सक्रिय रही है। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य स्थानीय समुदायों के साथ संबंध मजबूत करना और सामाजिक विकास में योगदान देना है।
ऐसी पहलों के जरिए बल शैक्षिक अवसरों को प्रोत्साहित करना, समाज के वंचित वर्गों का समर्थन करना और दूरदराज के क्षेत्रों में दीर्घकालिक विकास को बढ़ावा देना चाहता है।
कोहदी चिल्ड्रेन होम और बेथेल होम अनाथालय को दी गई यह सहायता डिजिटल शिक्षा तक पहुंच बढ़ाने के महत्व को रेखांकित करती है। इससे अलग-अलग पृष्ठभूमि के बच्चों को आवश्यक कौशल विकसित करने का अवसर मिल सकेगा।
यह पहल असम राइफल्स की सामुदायिक कल्याण के प्रति प्रतिबद्धता और नागालैंड में अधिक डिजिटल रूप से सशक्त तथा शिक्षित युवा पीढ़ी के लिए योगदान देने के उसके प्रयासों को भी सामने लाती है।