भारतीय सेना की पश्चिमी कमान के खरगा कोर के ‘परबत अली वॉरियर्स’ ने पंजाब में 1,100 किलोमीटर का साइकिल अभियान पूरा किया है। 15 दिन का यह अभियान अपनी हीरक जयंती मनाने और देश की सेवा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले सैनिकों को श्रद्धांजलि देने के लिए आयोजित किया गया था।
अभियान की थीम थी—‘गर्व के साथ साइकिल यात्रा—वीरता का सम्मान, पीढ़ियों को प्रेरणा’। इसके जरिए साहसिक गतिविधियों को बढ़ावा देने, सेना और नागरिकों के बीच संबंध मजबूत करने तथा पूर्व सैनिकों के कल्याण से जुड़े मुद्दों पर ध्यान देने का लक्ष्य रखा गया।

ब्रिगेडियर आरएस सिद्धू (सेवानिवृत्त) ने दल को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया था। यात्रा का मार्ग अंबाला, लुधियाना, अमृतसर और पठानकोट से होकर गुजरा। रास्ते में सैनिकों ने छात्रों, राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) के कैडेटों, पूर्व सैनिकों और स्थानीय लोगों से मुलाकात की।

युवाओं को सशस्त्र बलों में करियर बनाने के लिए प्रेरित करना अभियान का एक प्रमुख उद्देश्य था। छात्रों और एनसीसी कैडेटों से बातचीत में दल ने सैन्य सेवा से जुड़े अनुशासन, साहस, नेतृत्व और समर्पण जैसे मूल्यों के बारे में बताया।
यात्रा के दौरान परबत अली वॉरियर्स ने लगभग 400 पूर्व सैनिकों से भी संवाद किया। दल ने उनके कल्याण से जुड़ी समस्याएं दर्ज कीं। इन मुलाकातों में सेवारत और पूर्व सैनिकों को आपसी संपर्क मजबूत करने तथा देश की रक्षा में दिए गए योगदान और बलिदान को याद करने का अवसर मिला।

अभियान पूरा होने पर खरगा कोर के जनरल ऑफिसर कमांडिंग लेफ्टिनेंट जनरल मनीष लूथरा, अति विशिष्ट सेवा मेडल, ने साइकिल दल का औपचारिक स्वागत किया और अभियान का समापन किया।