सैन्य अस्पताल प्रयागराज में सैन्य नर्सिंग सेवा के 100 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में रक्तदान शिविर आयोजित किया गया। यह आयोजन राष्ट्र के प्रति साहस, करुणा और समर्पित सेवा के एक शताब्दी लंबे सफर का प्रतीक बना।
यह पहल सैन्य नर्सिंग सेवा के मूल मंत्र “स्मित के साथ सेवा” की भावना को दर्शाती रही। साथ ही, इसने सशस्त्र बलों के कर्मियों और उनके परिवारों के स्वास्थ्य तथा कल्याण में सैन्य नर्सिंग सेवा के अधिकारियों के योगदान को रेखांकित किया।
रक्तदान शिविर का उद्घाटन सैन्य अस्पताल प्रयागराज की प्रधान मैट्रन कर्नल सुलेखा जे. ने नर्सिंग अधिकारियों की एक टीम के साथ किया।
शिविर में स्वास्थ्यकर्मियों और स्वैच्छिक दाताओं ने भाग लिया और जरूरतमंद मरीजों की सहायता के लिए रक्तदान किया। इस पहल ने निस्वार्थ सेवा, समर्पण और सहयोग के उन मूल्यों को उजागर किया, जो सैन्य नर्सिंग सेवा के लंबे इतिहास के केंद्र में रहे हैं।
एक शताब्दी से सैन्य नर्सिंग सेवा की नर्सिंग अधिकारी सैन्य अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों में तैनात रहकर शांति काल के साथ-साथ कठिन अभियानात्मक परिस्थितियों में भी चिकित्सा और नर्सिंग देखभाल प्रदान करती रही हैं।
सैन्य अस्पताल प्रयागराज में आयोजित यह शताब्दी समारोह उन पीढ़ियों की नर्सिंग अधिकारियों को श्रद्धांजलि रहा, जिनकी पेशेवर दक्षता और करुणा ने भारत में सैन्य स्वास्थ्य सेवाओं में योगदान दिया है।
“100 वर्ष की सेवा” के रूप में मनाए गए इस अवसर ने सैन्य नर्सिंग सेवा की विरासत और करुणा, कर्तव्य तथा “स्मित के साथ सेवा” के प्रति उसकी निरंतर प्रतिबद्धता को सम्मानित किया।