मेजर जनरल सरबजीत सिंह बक्शी, एसएम, वीएसएम, कमांडेंट, एनसीसी अधिकारियों के प्रशिक्षण अकादमी, कामठी ने एनसीसी ओटीए, कामठी में चल रहे 2 महाराष्ट्र आर्टिलरी बैटरी एनसीसी के संयुक्त वार्षिक प्रशिक्षण शिविर का दौरा किया।
दौरे के दौरान मेजर जनरल सरबजीत सिंह बक्शी ने एनसीसी कैडेटों को विभिन्न प्रशिक्षण गतिविधियों में भाग लेते देखा। इन गतिविधियों का उद्देश्य शारीरिक दक्षता, नेतृत्व क्षमता, अनुशासन और टीम भावना को विकसित करना था।
उन्हें शिविर की संचालन व्यवस्था और कैडेटों के लिए चल रही प्रशिक्षण गतिविधियों के बारे में शिविर प्रभारी अधिकारी ने जानकारी दी। कमांडेंट ने सहयोगी एनसीसी अधिकारियों और प्रशिक्षक स्टाफ से भी बातचीत की।
इस बातचीत के माध्यम से प्रशिक्षण वातावरण की समीक्षा की गई और यह समझा गया कि प्रशिक्षक स्टाफ कैडेटों को सार्थक और पेशेवर रूप से संगठित अनुभव देने के लिए किस तरह कार्य कर रहा है।
कैडेटों को संबोधित करते हुए मेजर जनरल सरबजीत सिंह बक्शी ने एनसीसी की आधारभूत स्थायी मूल्यों पर जोर दिया। उन्होंने अनुशासन, नेतृत्व, चरित्र, टीम भावना और निःस्वार्थ सेवा के महत्व को रेखांकित किया।
उन्होंने कैडेटों से उपलब्ध प्रशिक्षण अवसरों का पूरा लाभ उठाने और निरंतर उत्कृष्टता की ओर अग्रसर रहने का आह्वान किया। साथ ही उन्होंने उन्हें जिम्मेदारी, आत्मविश्वास और प्रतिबद्धता की भावना विकसित करने के लिए प्रेरित किया।
कमांडेंट ने यह भी कहा कि टीमवर्क और सामूहिक प्रयास केवल सैन्य परिवेश में ही नहीं, बल्कि व्यावसायिक और नागरिक जीवन में भी आवश्यक हैं। उन्होंने कैडेटों से एक-दूसरे का सहयोग करने और टीम के सदस्य के रूप में प्रभावी ढंग से कार्य करने की क्षमता विकसित करने को कहा।
संयुक्त वार्षिक प्रशिक्षण शिविर कैडेटों को व्यवस्थित प्रशिक्षण का अनुभव देने और अनुशासन, नेतृत्व तथा दृढ़ता जैसे गुणों को विकसित करने का अवसर प्रदान करता है। ऐसे शिविर एनसीसी गतिविधियों का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं, जो कक्षा शिक्षण के साथ व्यावहारिक अनुभव और समूह आधारित सीख को जोड़ते हैं।
मेजर जनरल सरबजीत सिंह बक्शी ने कैडेटों से आह्वान किया कि वे आत्मविश्वासी, जिम्मेदार और प्रतिबद्ध नागरिक बनें, जो समाज और राष्ट्र के लिए सार्थक योगदान दे सकें। उन्होंने कहा कि एनसीसी से प्राप्त मूल्य प्रशिक्षण परिसर से आगे भी उनके व्यक्तिगत और व्यावसायिक जीवन का मार्गदर्शन करें।
यह दौरा युवाओं के विकास और राष्ट्र निर्माण पर एनसीसी के निरंतर फोकस को दोहराता है, जिसके तहत युवा नागरिकों में नेतृत्व, चरित्र, अनुशासन और निःस्वार्थ सेवा की भावना का संवर्धन किया जाता है।