राजस्थान के झुंझुनूं जिले में मंगलवार देर रात तेज रफ्तार एसयूवी के पेड़ से टकराकर पलट जाने से भारतीय सेना के एक हवलदार समेत दो लोगों की मौत हो गई। इस दर्दनाक हादसे में दो अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिसके बाद स्थानीय पुलिस और आपातकालीन दल ने बचाव अभियान चलाया।
पुलिस के अनुसार यह दुर्घटना बगड़ थाने के क्षेत्र में हुई, जब एसयूवी का नियंत्रण बिगड़ गया और वह पेड़ से जा टकराई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें सवार चारों लोग अंदर फंस गए।
मृतकों की पहचान 36 वर्षीय हवलदार राकेश कुमार के रूप में हुई है, जो भारतीय सेना में कार्यरत थे और नवलगढ़ के कोलसिया गांव के रहने वाले थे। दूसरे मृतक 22 वर्षीय नितिन थे, जो पुरानी हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी के निवासी थे। दोनों वाहन की अगली सीटों पर फंसे हुए मिले।
हादसे में घायल हुए लोगों की पहचान झुंझुनूं के अजय कुमार (25) और वर्तमान में जयपुर में रह रहे सिंघाना निवासी साक्षक सिहाग के रूप में हुई है। दोनों को गंभीर चोटें आईं। पहले उन्हें बीडीके अस्पताल ले जाया गया, जहां से आगे के इलाज के लिए सवाई मान सिंह अस्पताल, जयपुर रेफर कर दिया गया।
परिजनों के अनुसार चारों दोस्त देर रात नितिन को चिरावा छोड़ने जा रहे थे, तभी यह हादसा हो गया। दुर्घटना के सही कारण का अभी पता नहीं चल पाया है।
थाना प्रभारी मुकेश कुमार ने बताया कि हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस गश्ती दल मौके पर पहुंच गया। वाहन के बुरी तरह क्षतिग्रस्त होने और उसमें लोगों के फंसे होने के कारण बचावकर्मियों ने जेसीबी और क्रेन की मदद से उन्हें बाहर निकाला।
बचाव अभियान के बाद मृतकों के शव सरकारी अस्पताल की मोर्चरी में भेज दिए गए। कानूनी औपचारिकताएं और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए।
परिजनों ने आरोप लगाया कि टक्कर की गंभीरता के बावजूद एसयूवी के एयरबैग नहीं खुले। उनका कहना है कि इससे मौतें होने में भूमिका हो सकती है। पुलिस जांच में इस दावे को भी शामिल किया जाएगा।
पुलिस ने हादसे के सही हालात जानने के लिए जांच शुरू कर दी है। इसमें वाहन की गति, सड़क की स्थिति और एसयूवी की तकनीकी हालत जैसे पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।
हवलदार राकेश कुमार की मौत से स्थानीय क्षेत्र में भी गहरा शोक है। उन्होंने भारतीय सेना में देश की सेवा की थी। पुलिस मामले की जांच जारी रखे हुए है, जबकि दोनों घायल अस्पताल में उपचाराधीन हैं।