सेना पत्नी कल्याण संघ की अध्यक्ष श्रीमती कोमल सेठ ने रंगिया सैन्य स्टेशन का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने सेना कर्मियों के परिवारों से मुलाकात की और उनके कल्याण के लिए चल रही पहलों तथा व्यावसायिक प्रशिक्षण कार्यक्रमों की समीक्षा की।
यह दौरा कल्याणकारी उपायों और कौशल संवर्धन पहलों के माध्यम से भारतीय सेना के विस्तृत परिवार के समग्र विकास के प्रति सेना पत्नी कल्याण संघ की निरंतर प्रतिबद्धता को फिर से रेखांकित करता है।
सेना परिवारों से बातचीत के दौरान श्रीमती कोमल सेठ ने उन कार्यक्रमों की जानकारी ली, जिनका उद्देश्य आर्थिक स्वावलंबन को मजबूत करना, रोजगार की संभावनाएँ बढ़ाना और सैन्य जीवनसाथियों तथा आश्रितों के जीवन स्तर में सुधार करना है। रंगिया सैन्य स्टेशन पर लागू की जा रही कल्याणकारी पहलें भारतीय सेना के जन-केंद्रित दृष्टिकोण को भी दर्शाती हैं।
व्यावसायिक प्रशिक्षण और कौशल विकास कार्यक्रम सेना परिवारों को आर्थिक आत्मनिर्भरता और व्यक्तिगत प्रगति के अवसर देने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। ऐसे प्रयास सैन्य जीवन की विशिष्ट चुनौतियों के अनुरूप जीवनसाथियों को आधुनिक कौशल से सशक्त बनाते हैं।
श्रीमती कोमल सेठ ने गजराज फैमिली वेलफेयर ऑर्गेनाइजेशन के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह संगठन नवीन और प्रभावी पहलों के जरिए सेना परिवारों के कल्याण में लगातार योगदान दे रहा है।
उन्होंने संगठन की इस प्रतिबद्धता को भी सराहा कि वह कौशल विकास कार्यक्रमों, व्यावसायिक प्रशिक्षण के अवसरों और व्यापक कल्याण सहायता के माध्यम से जीवनसाथियों तथा आश्रितों को सशक्त बना रहा है। उनके अनुसार, यह सहायता उनके व्यक्तिगत और व्यावसायिक विकास में महत्वपूर्ण योगदान देती है।
सेना पत्नी कल्याण संघ की अध्यक्ष ने कहा कि सैन्य परिवारों का सशक्तीकरण ऐसी मजबूत और जीवंत समुदायों के निर्माण के लिए केंद्रीय है, जो सैन्य सेवा की चुनौतियों के बीच भी आगे बढ़ सकें। उन्होंने भारतीय सेना के विस्तृत परिवार में समग्र विकास, भावनात्मक कल्याण और आर्थिक सशक्तीकरण को बढ़ावा देने वाली कल्याण व्यवस्था को मजबूत करने के संकल्प को दोहराया।
दौरे का प्रमुख आकर्षण सेना की पत्नी और राष्ट्रीय आर्म रेसलिंग चैंपियन श्रीमती रीता प्रियांका ए को सम्मानित किया जाना रहा। उन्हें खेल के क्षेत्र में उनकी असाधारण उपलब्धियों के लिए सम्मान दिया गया।
श्रीमती रीता प्रियांका ए इससे पहले विश्व आर्म रेसलिंग चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। उनकी उपलब्धियों ने देश और भारतीय सेना परिवार, दोनों को गौरव दिलाया है।
श्रीमती कोमल सेठ ने उनके धैर्य, अनुशासन और राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेल उत्कृष्टता हासिल करने की अटूट प्रतिबद्धता की प्रशंसा की। उन्होंने उनकी सफलता को भारतीय सेना समुदाय ही नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बताया।
उन्होंने कहा कि सैन्य जीवनसाथियों की विविध क्षेत्रों में उपलब्धियाँ दृढ़ता और समर्पण के सशक्त उदाहरण हैं। ये उपलब्धियाँ सेना के विस्तृत परिवार की क्षमता को दर्शाती हैं और आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती हैं।
श्रीमती रीता प्रियांका ए की सफलता इस बात को भी रेखांकित करती है कि ऐसे संस्थागत सहारा तंत्र की आवश्यकता है, जो सैन्य जीवनसाथियों को परिवार और समुदाय के दायित्वों के साथ-साथ अपनी आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए प्रोत्साहित करे। भारतीय सेना की कल्याणकारी पहलें लगातार ऐसा अनुकूल वातावरण बनाने का प्रयास करती रही हैं।
रंगिया सैन्य स्टेशन का यह दौरा सेना पत्नी कल्याण संघ की उस प्रतिबद्धता को फिर से सामने लाता है, जिसके तहत शिक्षा, कौशल विकास, उद्यमिता और कल्याण कार्यक्रमों के जरिए सैन्य परिवारों को सशक्त बनाया जा रहा है।
सतत कल्याण पहलों और सार्थक सामुदायिक जुड़ाव के माध्यम से यह संगठन देश की सेवा करने वालों के परिवारों को सहयोग और सशक्त करने के अपने मिशन पर अडिग है। श्रीमती रीता प्रियांका ए जैसी उपलब्धियों का सम्मान भी इसी प्रतिबद्धता का हिस्सा है।
श्रीमती कोमल सेठ की यह यात्रा इस बात की याद दिलाती है कि भारतीय सेना की शक्ति केवल उसकी परिचालन क्षमता में नहीं, बल्कि उसके परिवारों की दृढ़ता, उपलब्धियों और अटूट भावना में भी झलकती है।