पश्चिमी नौसैनिक कमान मुख्यालय की ओर से टीवीएस मोटर कंपनी के सहयोग से आयोजित फ्लीट टू फोर्ट्स मोटरसाइकिल अभियान चौथे दिन पुणे से सतारा पहुंचा। यह अभियान पहले मुंबई के कोहली स्टेडियम से वाइस एडमिरल राहुल विलास गोखले, चीफ ऑफ स्टाफ, पश्चिमी नौसैनिक कमान द्वारा रवाना किया गया था।
25 सदस्यों वाली इस अभियान टीम में भारतीय नौसेना के कर्मी और महिलाएं शामिल हैं। अभियान का उद्देश्य युवाओं तक यह संदेश पहुंचाना है कि वे गर्व के साथ राष्ट्र की सेवा करें, साथ ही महाराष्ट्र की समृद्ध संस्कृति, विरासत और प्राकृतिक दृश्यों का अनुभव भी करें।
पुणे से सतारा पहुंचने के बाद अभियान दल ने सैनिक स्कूल सतारा का दौरा किया, जहां सदस्यों ने विद्यार्थियों और शिक्षकों से बातचीत की। इस मुलाकात ने महाराष्ट्र की यात्रा के दौरान युवाओं से सीधा संवाद स्थापित करने का अवसर दिया।
टीम ने सतारा के पूर्व सैनिक संघ के सदस्यों से भी चाय पर मुलाकात की। यह संवाद अभियान के उस घोषित उद्देश्य का हिस्सा था, जिसमें संपर्क, सेवा और पूर्व सैनिक समुदाय के साथ आत्मीयता को शामिल किया गया है।
पूर्व सैनिकों के साथ यह बातचीत सतारा में स्थित अनुभवी समुदाय से जुड़ने का भी एक अवसर बनी, जबकि मोटरसाइकिल अभियान राज्य के भीतर आगे बढ़ता रहा।
चौथे दिन के कार्यक्रम में कास पठार का दौरा भी शामिल था, जिसे ऊंचाई पर स्थित जैव विविधता का महत्वपूर्ण केंद्र और यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल बताया गया है। टीम ने सतारा क्षेत्र की यात्रा के दौरान इस स्थान के विशिष्ट भू-दृश्य और जैव विविधता का अनुभव किया।
अभियान दल ने जलमंदिर का भी दौरा किया, जिससे दिन के कार्यक्रम में एक और गंतव्य जुड़ गया।
फ्लीट टू फोर्ट्स मोटरसाइकिल अभियान में भारतीय नौसेना के 25 सदस्य शामिल हैं, जिनमें कर्मी और महिलाएं दोनों हैं। पश्चिमी नौसैनिक कमान मुख्यालय और टीवीएस मोटर कंपनी के सहयोग से आयोजित यह यात्रा संपर्क कार्यक्रमों के साथ-साथ प्रतिभागियों को महाराष्ट्र की समृद्ध संस्कृति, विरासत और विविध प्राकृतिक दृश्यों का अनुभव कराने का अवसर भी देती है।
अभियान के तहत युवा विद्यार्थियों और पूर्व सैनिक समुदाय से संवाद की पहल को आगे बढ़ाया जा रहा है। युवाओं के लिए इसका संदेश राष्ट्र सेवा को गर्व के साथ अपनाने का है, जबकि यह यात्रा महाराष्ट्र की सांस्कृतिक और विरासती पहचान को भी सामने लाती है।
चौथे दिन की गतिविधियों में सैनिक स्कूल सतारा में विद्यार्थियों और शिक्षकों से मुलाकात, पूर्व सैनिक संघ सतारा के सदस्यों के साथ बातचीत तथा कास पठार और जलमंदिर का दौरा शामिल रहा। मुंबई से हुई रवाना के बाद अभियान महाराष्ट्र में अपनी यात्रा जारी रखते हुए सेवा और संपर्क का संदेश आगे बढ़ा रहा है।