लेफ्टिनेंट जनरल नीरज शुक्ला, जनरल आफिसर कमांडिंग, गजराज कोर ने अरुणाचल प्रदेश के तवांग में अग्रिम क्षेत्रों में तैनात सैनिकों का दौरा किया और इस दौरान अधिकारियों तथा जवानों से बातचीत की।
दौरे के दौरान जनरल आफिसर कमांडिंग ने कठिन अग्रिम क्षेत्रों में तैनात सैनिकों की समग्र तैयारी और प्रशिक्षण मानकों की समीक्षा की। उन्होंने चुनौतीपूर्ण परिचालन परिस्थितियों में अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते हुए ऊंचे मनोबल, प्रेरणा और पेशेवरता बनाए रखने के लिए कर्मियों की सराहना की।
सभी रैंकों के साथ बातचीत में लेफ्टिनेंट जनरल नीरज शुक्ला ने आधुनिक प्रौद्योगिकियों के शामिल किए जाने और उनके प्रभावी उपयोग के माध्यम से क्षमता विकास और परिवर्तन में अधिकारियों तथा जवानों के योगदान की प्रशंसा की।
उन्होंने उभरती प्रौद्योगिकियों के अनुरूप लगातार खुद को ढालने और युद्धक्षेत्र की बदलती जरूरतों को पूरा करने के लिए परिचालन क्षमताओं के विकास के महत्व पर बल दिया। साथ ही कर्मियों को पेशेवर उत्कृष्टता के उच्च मानक बनाए रखने और निरंतर सीखने तथा प्रशिक्षण के प्रति समर्पित रहने के लिए प्रोत्साहित किया।
लेफ्टिनेंट जनरल शुक्ला ने सैनिकों के मानसिक स्वास्थ्य पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि मनोवैज्ञानिक दृढ़ता और स्वस्थ मानसिक स्थिति युद्ध क्षमता के लिए आवश्यक घटक हैं। उन्होंने सैनिकों को अपने पेशेवर दायित्वों और व्यक्तिगत कल्याण के बीच संतुलित दृष्टिकोण बनाए रखने के लिए प्रेरित किया।
शारीरिक फिटनेस को भी सैन्य क्षमता का प्रमुख आधार बताया गया। जनरल आफिसर कमांडिंग ने कर्मियों से उच्च शारीरिक तैयारी बनाए रखने और कठिन भूभाग तथा चुनौतीपूर्ण परिचालन वातावरण में प्रभावी ढंग से काम करने के लिए आवश्यक अनुशासन बनाए रखने का आग्रह किया।
उन्होंने जिम्मेदार सामाजिक माध्यम उपयोग और साइबर जागरूकता पर भी जोर दिया। कर्मियों से साइबर खतरों के प्रति सतर्क रहने, डिजिटल मंचों के उपयोग में सावधानी बरतने और संवेदनशील सूचना की सुरक्षा के लिए निर्धारित सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन करने को कहा गया।
बातचीत में कार्य और निजी जीवन के संतुलन को बनाए रखने पर भी चर्चा हुई, ताकि अग्रिम क्षेत्रों में सेवा दे रहे कर्मियों के समग्र कल्याण और भलाई को सुनिश्चित किया जा सके।
यह दौरा गजराज कोर नेतृत्व के उस फोकस को भी रेखांकित करता है, जिसमें परिचालन तत्परता बनाए रखने के साथ-साथ सैनिकों की मानसिक दृढ़ता, शारीरिक फिटनेस, प्रौद्योगिकी के प्रति जागरूकता और पेशेवर दक्षता को मजबूत करने पर जोर दिया गया है।
लेफ्टिनेंट जनरल नीरज शुक्ला की अग्रिम तैनात कर्मियों से यह मुलाकात सैनिकों के लिए उत्साहवर्धक रही और इस संदेश को भी मजबूत किया कि मजबूत मन, शारीरिक फिटनेस, तकनीकी अनुकूलनशीलता और पेशेवर उत्कृष्टता ही एक सशक्त और मिशन-तैयार बल के केंद्र में हैं।