रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दिवाली की पूर्व संध्या पर पश्चिम बंगाल के बागडोगरा एयर फोर्स स्टेशन का दौरा किया और वायुसेना के जवानों व अधिकारियों से मुलाकात की। उन्होंने देश के हवाई क्षेत्र की सुरक्षा में तैनात वायुसैनिकों के समर्पण की सराहना की और ड्रोन झुंडों तथा साइबर हमलों जैसे नए खतरों से निपटने की तैयारी पर जोर दिया।
राजनाथ सिंह ने भारतीय वायुसेना को राष्ट्रीय सुरक्षा का मजबूत स्तंभ बताया। उन्होंने बागडोगरा में तैनात वायुसैनिकों के साहस, ऊंचे मनोबल और पेशेवर दक्षता की प्रशंसा करते हुए कहा कि उनकी निरंतर सतर्कता देश के आसमान को सुरक्षित रखने में अहम भूमिका निभाती है। दिवाली से पहले उनसे मिलने पर खुशी जताते हुए रक्षा मंत्री ने बदलती सुरक्षा चुनौतियों का सामना करने की उनकी तत्परता को भी सराहा।
युद्ध के बदलते स्वरूप पर चर्चा करते हुए उन्होंने असममित युद्ध, यानी परंपरागत सैन्य मुकाबले से अलग तरीकों से पैदा होने वाली चुनौतियों, एक साथ काम करने वाले ड्रोन झुंडों और जटिल साइबर हमलों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इन खतरों से निपटने के लिए सैन्य गतिविधियों और संभावित खतरों की बेहतर समझ, नई तकनीक अपनाने की क्षमता और साइबर हमलों के बीच भी काम करते रहने की तैयारी जरूरी है।

रक्षा मंत्री ने जोर दिया कि वायुसेना को ऐसे सुरक्षा माहौल में अभियान चलाने के लिए तैयार रहना होगा, जहां पारंपरिक हवाई युद्ध के साथ मानवरहित विमानों, इलेक्ट्रॉनिक नेटवर्क और साइबर क्षेत्र से भी खतरे सामने आ रहे हैं। आधुनिक संघर्षों में ड्रोन के बढ़ते इस्तेमाल ने निगरानी, वायु रक्षा और महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे की सुरक्षा को अधिक चुनौतीपूर्ण बनाया है। ड्रोन झुंडों में कई मानवरहित विमान एक साथ काम कर सकते हैं, जिससे पारंपरिक रक्षा प्रणालियों पर उनकी क्षमता से अधिक दबाव पड़ सकता है।
आधुनिक हवाई अभियान सुरक्षित संचार नेटवर्क, एकीकृत निगरानी प्रणालियों और डिजिटल कमान एवं नियंत्रण ढांचे पर काफी निर्भर हैं। ऐसे में साइबर सुरक्षा भी सैन्य तैयारी का अहम हिस्सा बन गई है। नए खतरों की पहचान, उनका आकलन और उनसे निपटने के लिए तकनीकी बढ़त बनाए रखना जरूरी है।

बागडोगरा में बातचीत के दौरान राजनाथ सिंह ने अधिकारियों और वायुसैनिकों के उत्साह की सराहना की। उन्होंने अग्रिम मोर्चे पर सेवा दे रहे महिला और पुरुष सैन्यकर्मियों से मुलाकात को प्रेरणादायक अनुभव बताया।
उत्तरी पश्चिम बंगाल में स्थित बागडोगरा एयर फोर्स स्टेशन की सामरिक अहमियत है। यह सिलीगुड़ी कॉरिडोर के पास है, जो देश के मुख्य भूभाग को पूर्वोत्तर राज्यों से जोड़ता है। यह एयरबेस भौगोलिक रूप से संवेदनशील क्षेत्र में वायुसेना की अभियान संबंधी जरूरतें पूरी करता है और पूर्वी भारत में हवाई तैयारियां बनाए रखने में योगदान देता है।
रक्षा मंत्री ने त्योहारों के दौरान भी तैनाती स्थलों पर डटे रहने वाले सैन्यकर्मियों और उनके त्याग को याद किया। उन्होंने कहा कि सशस्त्र बलों के जवान चौबीसों घंटे सीमाओं, हवाई क्षेत्र और देश के सामरिक हितों की रक्षा करते हैं, तभी नागरिक शांति से त्योहार मना पाते हैं। उन्होंने सैन्यकर्मियों की निस्वार्थ सेवा के प्रति देश का आभार व्यक्त किया।