केरल के एक 20 वर्षीय अग्निवीर प्रशिक्षु का गुरुवार सुबह नासिक के देओलाली कैंप स्थित भारतीय सेना के आर्टिलरी सेंटर में मृत पाया गया। स्थानीय पुलिस ने इसे आकस्मिक मृत्यु का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है, ताकि मौत की परिस्थितियों का पता लगाया जा सके।
मृतक की पहचान केरल के कन्नापुरम निवासी अश्विन एम के रूप में हुई है। बताया गया है कि वह पिछले लगभग 10 सप्ताह से आर्टिलरी सेंटर में अग्निवीर प्रशिक्षण ले रहा था।
उपनगर पुलिस के अनुसार, सुबह करीब 6.40 बजे साथी प्रशिक्षुओं ने अश्विन को आवासीय क्षेत्र में देखा। इसके बाद वरिष्ठ सेना अधिकारियों को सूचना दी गई और उसे देओलाली कैंप सैन्य अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अस्पताल में उसकी जांच करने वाले अधिकारियों में लेफ्टिनेंट कर्नल पंकज कुमार भी शामिल थे।
उपनगर पुलिस के वरिष्ठ निरीक्षक संजय पिसे ने बताया कि आकस्मिक मृत्यु का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस को संदेह है कि मौत बुधवार और गुरुवार की रात के बीच किसी समय हुई होगी।
घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। अधिकारियों ने अभी तक मौत के सही कारण की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट समेत आगे के साक्ष्यों का इंतजार किया जा रहा है।
पुलिस उपनिरीक्षक जाडे इस जांच की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। पुलिस आवासीय क्षेत्र में हुई इस घटना की परिस्थितियों की जांच कर रही है और साथी प्रशिक्षुओं, अधिकारियों तथा मामले से जुड़े अन्य लोगों के बयान दर्ज किए जाने की संभावना है।
पुलिस और सैन्य स्तर पर चल रही आगे की जांच तथा पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से घटनाक्रम और मौत के आधिकारिक कारण का पता चलने की उम्मीद है। शुरुआती रिपोर्टों में भारतीय सेना या अश्विन के परिवार की ओर से कोई विस्तृत सार्वजनिक बयान उपलब्ध नहीं था।
देओलाली का आर्टिलरी सेंटर भारतीय सेना की आर्टिलरी रेजिमेंट के प्रमुख प्रशिक्षण संस्थानों में से एक है और यहां तोपखाने की विभिन्न भूमिकाओं के लिए कर्मियों को प्रशिक्षित किया जाता है।
यह घटना देओलाली में अक्टूबर 2024 में हुई एक अलग प्रशिक्षण दुर्घटना के करीब दो साल बाद सामने आई है, जब आर्टिलरी सेंटर के फील्ड फायरिंग रेंज में अभ्यास के दौरान भारतीय फील्ड गन के गोले के फटने से दो प्रशिक्षणरत अग्निवीरों की मौत हो गई थी और एक घायल हो गया था। उस घटना की जांच के लिए कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी के आदेश दिए गए थे।
हालांकि, ताजा मौत 2024 की उस दुर्घटना से अलग है और इसे फिलहाल आकस्मिक मृत्यु के रूप में अलग से जांचा जा रहा है। अधिकारियों ने कारण या परिस्थितियों को लेकर अभी कोई निष्कर्ष घोषित नहीं किया है और जांच जारी है।
पुलिस ने कहा है कि मामले की जांच घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्यों, संबंधित लोगों के बयानों और पोस्टमॉर्टम परीक्षण के निष्कर्षों के आधार पर की जाएगी।