पीआरसीएन (जेडी) पाठ्यक्रम की पासिंग आउट परेड 1 अगस्त 2026 को एनसीसी अधिकारियों के प्रशिक्षण अकादमी, कामठी में सैन्य अनुशासन के साथ आयोजित की गई। इस अवसर पर 553 कैडेट प्रशिक्षण अधिकारियों ने अपना प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा किया।
यह समारोह इस बात का प्रतीक रहा कि प्रशिक्षु अब सहायक एनसीसी अधिकारी बन गए हैं और देशभर में राष्ट्रीय कैडेट कोर के कैडेटों का मार्गदर्शन तथा प्रशिक्षण करने के लिए तैयार हैं।
परेड का निरीक्षण मेजर जनरल सरबजीत सिंह बख्शी, एसएम, वीएसएम, कमांडेंट, एनसीसी अधिकारियों के प्रशिक्षण अकादमी ने किया। उन्होंने 553 कैडेट प्रशिक्षण अधिकारियों को कठोर प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक पूरा करने पर बधाई दी।
उन्होंने प्रशिक्षण के दौरान प्रदर्शित समर्पण, अनुशासन और प्रतिबद्धता की सराहना की तथा उनके भविष्य के दायित्वों के लिए शुभकामनाएं दीं।
नव-प्रशिक्षित अधिकारियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि सहायक एनसीसी अधिकारियों की भूमिका भारत के युवाओं के चरित्र और नेतृत्व गुणों के निर्माण में अत्यंत महत्वपूर्ण है।
उन्होंने उनसे नेतृत्व, अनुशासन और निःस्वार्थ सेवा की सर्वोच्च परंपराओं को बनाए रखने तथा भविष्य के एनसीसी कैडेटों को जिम्मेदार नागरिक और राष्ट्र के संभावित नेता बनने के लिए प्रेरित करने का आग्रह किया।
अकादमी से पास आउट होकर ये नव-नियुक्त सहायक एनसीसी अधिकारी सेवा के एक नए चरण में प्रवेश कर रहे हैं। प्रशिक्षण के दौरान अर्जित मूल्यों और व्यावसायिक कौशल के साथ वे आगे मार्गदर्शक और आदर्श के रूप में कार्य करेंगे।
वे देशभर के विद्यालयों और महाविद्यालयों में एनसीसी कैडेटों के बीच देशभक्ति, चरित्र, टीम भावना और राष्ट्रीय एकता को बढ़ावा देंगे।
पीआरसीएन (जेडी) पाठ्यक्रम इस प्रकार तैयार किया गया है कि कैडेट प्रशिक्षण अधिकारियों को नेतृत्व, शिक्षण और संगठनात्मक कौशल मिल सकें, जिनकी उन्हें एनसीसी गतिविधियों के प्रभावी संचालन के लिए आवश्यकता होती है।
यह व्यापक प्रशिक्षण कार्यक्रम उन्हें सैन्य प्रशिक्षण, साहसिक गतिविधियों, सामुदायिक सेवा और व्यक्तित्व विकास में कैडेटों का मार्गदर्शन करने के लिए तैयार करता है, साथ ही राष्ट्रीय कैडेट कोर के मूल मूल्यों को भी सुदृढ़ करता है।
पासिंग आउट परेड ने एक बार फिर एनसीसी अधिकारियों के प्रशिक्षण अकादमी, कामठी की उस अटूट प्रतिबद्धता को रेखांकित किया, जिसके तहत वह सक्षम, आत्मविश्वासी और मिशन के लिए तैयार सहायक एनसीसी अधिकारी तैयार करती है।
यह प्रक्रिया अनुशासित, जिम्मेदार और देशभक्त युवाओं के निर्माण तथा नेतृत्व, चरित्र और निःस्वार्थ सेवा के स्थायी आदर्शों के माध्यम से राष्ट्र-निर्माण में योगदान देने के उद्देश्य से आगे बढ़ रही है।