सरकार ने एयर मार्शल संदीप थरेजा, एसएम, वीएसएम एवं बार, को अगले महानिदेशक सशस्त्र बल चिकित्सा सेवाएं नियुक्त किया है। इसके साथ ही वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी अब सशस्त्र बल चिकित्सा सेवाओं की कमान संभालेंगे।
एयर मार्शल थरेजा अभी महानिदेशक चिकित्सा सेवाएं (वायु) के पद पर कार्यरत हैं। वे मौजूदा महानिदेशक सशस्त्र बल चिकित्सा सेवाएं सर्जन वाइस एडमिरल अर्ति सरिन, पीवीएसएम, एवीएसएम, वीएसएम, के 31 अगस्त, 2026 को सेवानिवृत्त होने के बाद यह जिम्मेदारी संभालेंगे।
महानिदेशक सशस्त्र बल चिकित्सा सेवाएं के रूप में एयर मार्शल थरेजा भारतीय सेना, भारतीय नौसेना और भारतीय वायु सेना के कर्मियों, उनके परिवारों तथा अन्य पात्र लाभार्थियों के लिए व्यापक स्वास्थ्य देखभाल और चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने वाली इस व्यवस्था का नेतृत्व करेंगे।
पुणे स्थित प्रतिष्ठित सशस्त्र बल चिकित्सा महाविद्यालय के पूर्व छात्र एयर मार्शल संदीप थरेजा को दिसंबर 1986 में सशस्त्र बलों में कमीशन मिला था। सैन्य चिकित्सा में उनका करियर लगभग चार दशकों का रहा है, जिसमें नैदानिक चिकित्सा, शैक्षणिक कार्य, प्रशासन और परिचालन स्वास्थ्य देखभाल का व्यापक अनुभव शामिल है।
उन्होंने 1997 में एमडी इन मेडिसिन की डिग्री प्राप्त की और इसके बाद नई दिल्ली स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में जठरांत्र विज्ञान में सुपर-स्पेशियलाइजेशन किया। उन्होंने 2005 में जठरांत्र विज्ञान में डीएम पूरा किया और एआईआईएमएस में रहने के दौरान उन्हें सर्वश्रेष्ठ डीएम छात्र पुरस्कार मिला।
चिकित्सा योग्यता के अलावा एयर मार्शल थरेजा ने व्यावसायिक सैन्य शिक्षा में भी मजबूत उपलब्धि दर्ज की है। उन्होंने अपने सभी सैन्य पाठ्यक्रमों में ‘ए’ ग्रेडिंग हासिल की और वे राष्ट्रीय रक्षा महाविद्यालय के भी पूर्व छात्र हैं।
अपने लंबे करियर में उन्होंने सशस्त्र बल चिकित्सा सेवाओं के भीतर कई अहम पद संभाले। इनमें कार्यालय महानिदेशक सशस्त्र बल चिकित्सा सेवाएं में वरिष्ठ सलाहकार (चिकित्सा), सैन्य अस्पताल पठानकोट के कमांडेंट, कमांड अस्पताल लखनऊ के कमांडेंट, तथा सशस्त्र बल चिकित्सा महाविद्यालय, पुणे के निदेशक एवं कमांडेंट शामिल हैं।
इसके बाद उन्होंने भारतीय वायु सेना के वरिष्ठतम चिकित्सा पदों में से एक, महानिदेशक चिकित्सा सेवाएं (वायु) का कार्यभार संभाला।
महानिदेशक चिकित्सा सेवाएं (वायु) के रूप में उनके कार्यकाल के दौरान एयर मार्शल थरेजा ने परिचालन चिकित्सा तैयारी को मजबूत करने के लिए कई पहल कीं। उनके कार्य से भारत के महत्वाकांक्षी गगनयान मानव अंतरिक्ष उड़ान मिशन के लिए सशस्त्र बल चिकित्सा सेवाओं की चिकित्सा तत्परता बढ़ाने में मदद मिली।
उन्होंने बीएचआईएसएचएम क्यूब के संचालन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। यह एक पोर्टेबल, मॉड्यूलर चिकित्सा सुविधा है, जिसे सैन्य अभियानों, आपदाओं और मानवीय सहायता अभियानों के दौरान त्वरित आपात चिकित्सा सेवा प्रदान करने के लिए तैयार किया गया है।
प्रशासनिक और परिचालन जिम्मेदारियों से आगे बढ़कर एयर मार्शल थरेजा एक दक्ष जठरांत्र रोग विशेषज्ञ, शिक्षाविद और चिकित्सा शिक्षक भी हैं। उन्होंने अपने करियर में अनेक स्नातकोत्तर और सुपर-स्पेशियलिटी विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया है।
उनके शैक्षणिक योगदान में प्रतिष्ठित राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय चिकित्सा पत्रिकाओं में 50 से अधिक वैज्ञानिक प्रकाशन शामिल हैं।
विशिष्ट सैन्य सेवा और पेशेवर योगदान के लिए एयर मार्शल संदीप थरेजा को सेना मेडल और विशिष्ट सेवा मेडल से दो बार सम्मानित किया गया है, जिससे उन्हें वीएसएम एवं बार प्राप्त हुआ।
महानिदेशक सशस्त्र बल चिकित्सा सेवाएं के रूप में उनकी नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब सशस्त्र बल परिचालन चिकित्सा तत्परता, उन्नत स्वास्थ्य देखभाल प्रौद्योगिकियों और मानव अंतरिक्ष उड़ान जैसे उभरते क्षेत्रों के लिए चिकित्सा सहायता पर अधिक ध्यान दे रहे हैं।