भारतीय सेना की पश्चिमी कमान के जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ लेफ्टिनेंट जनरल पुष्पेन्द्र सिंह, एवीएसएम, एसएम** ने दशहरा के पावन अवसर पर जम्मू सेक्टर के अग्रिम क्षेत्रों का दौरा किया और सीमावर्ती मोर्चों पर तैनात सैनिकों से मुलाकात की।
दौरे के दौरान सेना कमांडर ने इस रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण क्षेत्र की सुरक्षा में लगी संरचनाओं और सैनिकों की परिचालन तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने कठिन परिस्थितियों में तैनात जवानों के अटूट समर्पण, उच्च मनोबल और उत्कृष्ट युद्धक तत्परता की सराहना की।
लेफ्टिनेंट जनरल पुष्पेन्द्र सिंह ने दशहरे पर सशस्त्र बलों की ओर से परंपरागत शस्त्र पूजन समारोह में भी भाग लिया। यह समारोह हथियारों और योद्धा परंपरा के प्रति सम्मान का प्रतीक माना जाता है।
यह समारोह भारतीय सेना की स्थायी योद्धा भावना और सैनिक, उसके हथियार तथा राष्ट्र की रक्षा की जिम्मेदारी के बीच पवित्र संबंध को दर्शाता है।
सेना कमांडर ने जवानों की पेशेवर दक्षता और प्रतिबद्धता की सराहना करते हुए उन्हें हर समय सर्वोच्च परिचालन तत्परता बनाए रखने के लिए प्रोत्साहित किया।
अग्रिम क्षेत्रों के इस दशहरा दौरे ने भारतीय सेना की उन सैन्य परंपराओं को फिर से रेखांकित किया, जिनके साथ वह निरंतर परिचालन चुनौतियों के लिए तैयार रहती है। यह अवसर सीमाओं पर तैनात सैनिकों की सेवा, अनुशासन और तत्परता की भावना को भी सामने लाया।