उड़ान के दौरान सह-पायलट के हमले के बीच 170 से अधिक यात्रियों और चालक दल के सदस्यों की जान बचाने में अहम भूमिका निभाने वाले भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छर और फ्लाईदुबई के उनके साथी चालक दल सदस्यों को संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) ने सम्मानित किया है। राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान ने उन्हें देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मानों में शामिल ‘जायद द्वितीय सम्मान की प्रथम श्रेणी’ प्रदान की है। यह सम्मान 30 सितंबर की घटना में उनके साहस और पेशेवर सूझबूझ के लिए दिया गया।
दुबई के युवराज, यूएई के उपप्रधानमंत्री और रक्षा मंत्री शेख हमदान बिन मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम ने मंगलवार को पदक प्रदान किए। राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद ने भी चालक दल के सदस्यों से मुलाकात कर यात्रियों की सुरक्षा के प्रति उनकी जिम्मेदारी की सराहना की। इस दौरान यूएई के उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और दुबई के शासक शेख मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम भी मौजूद थे।
घटना दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की उड़ान FZ1073 में हुई थी। रिपोर्टों में हमलावर सह-पायलट की पहचान ओमान के नागरिक हमाम अल-हम्मामी के रूप में की गई है। उसने कॉकपिट में आपात स्थिति के लिए रखी कुल्हाड़ी से कैप्टन मच्छर पर हमला किया। कैप्टन गंभीर रूप से घायल हो गए और विमान 30 सेकंड से भी कम समय में करीब 14,000 फुट नीचे आ गया।
घायल होकर कॉकपिट के फर्श पर पड़े होने के बावजूद कैप्टन मच्छर किसी तरह दरवाजे का लॉक खोलने में सफल रहे। इससे यात्रियों और ड्यूटी पर नहीं रहे चालक दल के सदस्यों को भीतर पहुंचने का मौका मिला। इनमें यात्री के तौर पर सफर कर रहे फ्लाईदुबई के दो अन्य पायलट भी शामिल थे। उन्होंने हमलावर को काबू में किया और विमान का नियंत्रण वापस पाने में मदद की।
इसके बाद उड़ान का मार्ग बदलकर उसे सऊदी अरब के तबूक हवाई अड्डे पर सुरक्षित उतारा गया। विमान में सवार सभी 170 से अधिक यात्री और चालक दल के सदस्य बच गए।

यूएई के अधिकारियों ने इस घटना को विमान को तेल अवीव के बेन गुरियन हवाई अड्डे से टकराने के इरादे से किया गया आतंकी हमले का प्रयास बताया है। मामले की जांच जारी है।
कैप्टन मच्छर अपनी चोटों से उबर रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कई लोगों ने उनके साहस की सराहना की है। इजरायल के राष्ट्रपति इसहाक हर्जोग ने घोषणा की है कि स्वस्थ होने के बाद उन्हें नागरिक वीरता के लिए इजरायल का राष्ट्रपति पुरस्कार दिया जाएगा।

शेख हमदान इससे पहले अस्पताल जाकर कैप्टन मच्छर से मिले थे और उनके साहस, जिम्मेदारी तथा लोगों की जान बचाने के प्रयासों की प्रशंसा की थी। यूएई नेतृत्व ने भी लोगों की सुरक्षा को देश की प्राथमिकता बताया है।